Most Popular

Saturday, September 29, 2018

हिंदी न्यूज़ – अलीगढ़ एनकाउंटर: पुलिस का कारनामा, एक मर्डर केस के दो खुलासे, action of aligarh police. Aligarh Encounter, UP Police, Muslim boys, fake encounter, CM Yogi adityanath, BJP


कैमरों की चकाचौंध के बीच दिन में लाइव एनकाउंटर को अंजाम देने वाली अलीगढ़ पुलिस का एक और कारनामा सामने आया है. अलीगढ़ की सतर्क पुलिस ने एक डबल मर्डर हत्याकांड के दो खुलासे किए हैं. पहले खुलासे में तीन युवकों को 25 दिन पहले जेल भेज दिया है, तो दूसरा खुलासा करते हुए पांच लोगों को जेल भेजा है और एनकाउंटर में मारे गए दो युवकों को भी उस हत्याकांड का आरोपी बनाया है.

घटनाक्रम कुछ इस तरह है कि 12-13 अगस्त की रात अलीगढ़ के पाली थाना क्षेत्र में एक साधु और किसान की हत्या हुई थी. एक साधु हमले में घायल हो गया था. 10-12 दिन बाद पुलिस ने इस मामले में तीन स्थानीय युवकों तुलसी, विजय और बबलू को हत्यारोपी बताकर जेल भेज दिया. मीडिया के सामने एनकाउंटर करने वाली पुलिस ने बिना किसी शोर शराबे और प्रेस कॉन्फ्रेंस किए युवकों को जेल भेज दिया.

इस मामले को अतरौली, अलीगढ़ निवासी महिला विजय किरन ने जोरशोर से उठाया. किरन का आरोप है कि पुलिस ने आरोपी युवकों की एक वीडियो दिखाते हुए हमे ये कहकर शांत कर दिया कि युवकों ने खुद अपना जुर्म कबूल कर लिया है.

फोटो- बदमाशों पर निशाना साधता पुलिसकर्मी.

जिस लकड़ी के डंडे से हत्या की गई उसे भी बरामद कर लिया गया है. किरन का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें भी धमकी दी कि अगर ज्यादा आवाज उठाई, तो उन्हें भी इस मामले में जेल भेज दिया जाएगा. इस धमकी की आडियो होने का दावा भी किरन ने किया है.

ये भी पढ़ें- कांग्रेस ने अलीगढ़ में पुलिस मुठभेड़ पर उठाये सवाल, कहा- सबकुछ स्क्रिप्टेड था

तीनों युवकों को जेल गए 25 दिन से ज्यादा हो गए. इतने दिन बीत जाने के बाद अलीगढ़ पुलिस एक बार फिर एक नई रोचक कहानी सामने लेकर आती है. 18 सितंबर को अलीगढ़ पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया. कुछ सामान भी बरामद होना बताया.

फोटो- बदमाशों को गोली मारने के लिए तैयार बैठा पुलिसकर्मी.

मीडिया के सामने खुलासा करते हुए पुलिस ने बताया कि इन पांचों का हाथ 12-13 अगस्त की रात अलीगढ़ के पाली थाना क्षेत्र में एक साधु और किसान की हुई हत्या में रहा है. पांचों लोगों को पुलिस जेल भेज देती है. इसी हत्या में तीन अन्य लोग मुस्तकीम, नौशाद और अफसर को पुलिस फरार बताती है.

ये भी देखें- VIDEO: अलीगढ़ में पुलिस मुठभेड़, दो बदमाश ढेर

20 सितंबर की सुबह हुए पुलिस एनकाउंटर में नौशाद और मुस्तकीम मारे जाते हैं. इसके बाद पुलिस 25 दिन पहले जेल भेज गए युवकों को बेकसूर बताते हुए उनके परिजनों से वादा करती है कि तीनों युवक जल्द ही जेल से बाहर आ जाएंगे.

फोटो- अलीगढ़ पुलिस कप्तान की अगुवाई में एनकाउंटर करने जाती पुलिस टीम.

सवाल जो एक घटना के दो खुलासे पर उठ रहे हैं-

-13 अगस्त को साधु और किसान की हत्या पर एसएसपी, अलीगढ़ ने कहा था कि ये ज़मीन और लूट के लिए की गई हत्या मालूम होती है.

-18 अगस्त को एसएसपी कहते हैं कि ये हत्या एटा में हुए एक मर्डर केस के गवाहों को फंसाने के लिए की गई थी.

-एटा वाली बात को साबित करने के लिए एसएसपी बताते हैं कि घटनास्थल से गवाहों के नाम की पर्ची मिली थी. जो उन्हें फंसाने के लिए छोड़ी गई थी.

-लेकिन 13 अगस्त को एसएसपी ने ऐसी किसी भी पर्ची के मिलने का कोई जिक्र नहीं किया था.

-22 अगस्त को पुलिस को कैसे पता चला कि हत्या तुलसी, बबलू और विजय ने की है.

– साधु-किसान की हत्या करने वाला डंडा पुलिस ने कहां से बरामद किया.

– एनकाउंटर में मारे गए नौशाद-मुस्तकीम हत्यारोपी हैं इसका पुलिस को क्या सबूत मिला है.

इस बारे में पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह बताते हैं कि इस पूरे घटनाक्रम को सुनने के बाद ऐसा लगता है कि ये सब पुलिस का पहले से तय कार्यक्रम था. पुलिस जवाब दे कि किस आधार पर उसरे 302 के जुर्म में तीन युवकों को जेल भेजा. इस मामले की जांच सीबीसीआईडी से होनी चाहिए.

वहीं, अलीगढ़ पुलिस एनकाउंटर पर और एफआईआर में गड़बड़ी के सवाल पर डीआईजी लॉ एंड आर्डर प्रवीण कुमार का कहना है ̔एनकाउंटर के मामले में पूरे प्रदेश में सुप्रीम कोर्ट द्वारा तय पीयूसीएल गाइडलाइंस का पालन किया जा रहा है. इस एनकाउंटर में भी विवेचना और मजस्ट्रियल जांच सब नियम के मुताबिक हो रहा है.̓





Source link

The post हिंदी न्यूज़ – अलीगढ़ एनकाउंटर: पुलिस का कारनामा, एक मर्डर केस के दो खुलासे, action of aligarh police. Aligarh Encounter, UP Police, Muslim boys, fake encounter, CM Yogi adityanath, BJP appeared first on OSI Hindi News.



0 comments:

Post a Comment